पढ़िए 'सुपर टैलेंटेड' वेदांत पटेल के बारे में, रोज करते हैं राष्ट्रपति बाइडन की मदद

32 वर्षीय वेदांत व्हाइट हाउस में रिपोर्टरों के बीच खासे लोकप्रिय हैं। जानकारी के अनुसार उनकी व्हाइट हाउस के लोअर प्रेस ऑफिस में डेस्क है और वह आप्रवासन और जलवायु परिवर्तन से संबंधित मीडिया के सभी सवालों को संबोधित करते हैं।

पढ़िए 'सुपर टैलेंटेड' वेदांत पटेल के बारे में, रोज करते हैं राष्ट्रपति बाइडन की मदद

व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव जेन साकी ने दैनिक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अपने भारतीय मूल के सहयोगी वेदांत पटेल की जमकर तारीफ की थी और उन्हें 'सुपर टैलेंटेड' बताया था। जेन ने कहा था कि हम अक्सर मजाक करते रहते हैं कि हम वेदांत को आसान काम देते हैं। लेकिन ऐसा नहीं है। वह बहुत प्रतिभाशाली हैं। उन्होंने कहा कि वेदांत बहुत अच्छे लेखक हैं। मुझे लगता है कि सरकार में उनके आगे एक शानदार करियर है। वह मेरी मदद करने के लिए बहुत कुछ करते हैं, वह हर रोज राष्ट्रपति की मदद करते हैं।

जो बाइडन के राष्ट्रपति बनने के साथ ही वेदांत पटेल ने भी व्हाइट हाउस के सहायक प्रेस सचिव का पद संभाला था। भारत के गुजरात में जन्मे वेदांत यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया से स्नातक हैं। यूनिवर्सिटी ऑफ फ्लोरिडा के वॉरिंगटन कॉलेज ऑफ बिजनेस से उन्होंने एमबीए किया था। 32 वर्षीय वेदांत व्हाइट हाउस में रिपोर्टरों के बीच खासे लोकप्रिय हैं। जानकारी के अनुसार उनकी व्हाइट हाउस के लोअर प्रेस ऑफिस में डेस्क है और वह आप्रवासन और जलवायु परिवर्तन से संबंधित मीडिया के सभी सवालों को संबोधित करते हैं।

वेदांत ने अपने करियर की शुरुआत पूर्व सांसद माइक होंडा के उप संचार निदेशक के तौर पर की थी।

बाइडन प्रशासन से जुड़ने से पहले वह राष्ट्रपति उद्घाटन समिति के वरिष्ठ प्रवक्ता थे। इसके अलावा उन्होंने बाइडन के राष्ट्रपति अभियान में क्षेत्रीय संचार निदेशक की जिम्मेदारी भी संभाली थी। वेदांत ने अपने करियर की शुरुआत पूर्व सांसद माइक होंडा के उप संचार निदेशक के तौर पर की थी। इस पद पर उन्होंने दिसंबर 2012 से नवंबर 2015 तक काम किया था। इसके बाद जनवरी 2017 तक वह होंडा के संचार निदेशक रहे। नवंबर 2018 से अप्रैल 2019 तक वह भारतीय अमेरिकी सांसद प्रमिला जयपाल के संचार निदेशक रहे थे।

वेदांत पटेल का जन्म भारत के गुजरात में हुआ था। साल 1991 में उनका परिवार अमेरिका चला गया था। उनका पालन पोषण कैलिफोर्निया में हुआ। उन्होंने एक ट्वीट में बताया था कि हम 1991 में अमेरिका आ गए थे और मेरे माता-पिता के कठिन परिश्रम की वजह से मैं राष्ट्रपति के लिए व्हाइट हाउस में काम कर पा रहा हूं। बता दें कि गुरुवार को हुई जेन साकी की इस प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद वेदांत का नाम खूब चर्चित हो रहा है। बाइडन की प्रेस टीम में एक भारतीय मूल के शख्स की इस तरह तारीफ होने से भारतीय भी गर्व का अनुभव कर रहे हैं।

प्रिया सिंह थीं व्हाइट हाउस की पहली भारतीय-अमेरिकी प्रेस सचिव
व्हाइट हाउस की मीडिया विंग में भारतीय-अमेरिकी समुदाय का प्रवेश पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा के कार्यकाल में हुआ था। प्रिया सिंह व्हाइट हाउस की पहली प्रेस सचिव थीं। उन्होंने ओबामा प्रशासन में 2009 से 2010 तक यह पद संभाला था। भारतीय मूल के राज शाह ट्रंप प्रशासन के दौरान 2017 से 2019 तक उप प्रेस सचिव रहे थे। कुछ सप्ताह पहले एक और भारतीय अमेरिकी मेघा भट्टाचार्य को भी व्हाइट हाउस की प्रेस टीम में शामिल किया गया था। सबरीना सिंह उप राष्ट्रपति कमला हैरिस की उप प्रेस सचिव रह चुकी हैं।