आतंकवादी हासिल न कर सके सामूहिक विनाश के हथियार, भारत ने फिर उठाई आवाज

भारत संकल्प 1540 के कार्यान्वयन को बहुत महत्व देता है। भारत के इस प्रस्ताव को 75 से ज्यादा देशों का समर्थन प्राप्त है और बिना मतदान के इसे आम सहमति से स्वीकार किया गया है।

आतंकवादी हासिल न कर सके सामूहिक विनाश के हथियार, भारत ने फिर उठाई आवाज

दुनियाभर के लिए आतंकवाद और सामूहिक विनाश के हथियार सबसे बड़ा खतरा बन गया है। इसके खिलाफ भारत लगातार आवाज उठाता रहा है। वैश्विक मंच पर भारत ने एक बार फिर ये मुद्दा प्रमुखता से उठाया। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक में भारत ने आतंकवादियों को सामूहिक विनाश के हथियार हासिल करने से रोकने के लिए तुरंत वैश्विक प्रयास पर जोर दिया। सुरक्षा परिषद में भारत के सलाहकार ए अमरनाथ ने कहा कि इसमें किसी तरह की देरी या टालमटोल का कोई विकल्प हमारे पास नहीं है।

यूएनएससी की 1540 कमेटी की ब्रीफिंग के दौरान भारत ने सकारात्मक प्रगति हासिल की है। लेकिन यह सुनिश्चित करने के लिए अधिक तत्परता की आवश्यकता है, क्योंकि संयुक्त राष्ट्र के संकल्प को तय अवधि के भीतर पूरा किया जाए। भारत इस दिशा में रचनात्मक रूप से जुड़ना जारी रखेगा। अमरनाथ ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट के अनुसार आतंकवादियों द्वारा सामूहिक विनाश के हथियार हासिल करने का खतरा अब काल्पनिक दायरे में नहीं है।