यूएई में हुए आतंकी हमले ने उजाड़ दी पंजाब के दो परिवारों की दुनिया

यूएई की राजधानी अबू धाबी के मुख्य एयरपोर्ट पर सोमवार को आग लग गई थी और तीन ईंधन टैकरों में विस्फोट हो गया। इसी हमले में हरदीप और हरदेव की मौत हो गई थी। अमृतसर एयरपोर्ट पर दोनों के शवों को सम्मान के साथ परिवारों के हवाले कर दिया गया है।

यूएई में हुए आतंकी हमले ने उजाड़ दी पंजाब के दो परिवारों की दुनिया

भारत के पंजाब प्रांत में गम का माहौल है। राज्य के अमृतसर और मोगा शहर के दो युवा रोजी-रोटी और बेहतर भविष्य के लिए विदेश गए थे। लेकिन संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) की राजधानी अबू धाबी के एयरपोर्ट पर हुए ड्रोन हमले में दोनों की मौत हो गई थी। दोनों युवकों के शव शुक्रवार को अमृतसर पहुंच गए। दोनों की पहचान अमृतसर के बाबा बकाला साहिब के गांव महिसामपुर खुर्द निवासी हरदीप सिंह और मोगा के बागा पुराना गांव नाथोके निवासी हरदेव सिंह के रूप में हुई है।

एयरपोर्ट पर दोनों शवों को श्रद्धांजलि दी गई और शव परिवारों को सौंप दिया गया।

अधिकारियों ने बताया कि दोनों के शवों को सम्मान के साथ परिवारों के हवाले कर दिया गया है।
हरदीप के शव को लेने के लिए उनका परिवार अमृतसर एयरपोर्ट पर पहुंचा। हरदेव सिंह के भाई सुखदेव सिंह शव को खुद लेकर अमृतसर एयरपोर्ट पहुंचे। एयरपोर्ट पर दोनों शवों को श्रद्धांजलि दी गई और शव परिवारों को सौंप दिया गया। बताया गया है कि हरदीप अपनी मां-पिता की इकलौती संतान थे। उनकी उम्र महज 26 साल थी। 8 महीने पहले ही उनकी शादी हुई थी।