ब्रिटिश सिख 'उग्रवादी' की रिहाई के लिए स्कॉटलैंड की मंत्री निकोला कर रहीं प्रयास

जगतार सिंह जोहल उर्फ जग्गी एक ब्रिटिश सिख है, जिस पर कई दक्षिणपंथी हिंदू नेताओं की हत्या में शामिल होने समेत गंभीर आरोप लगे हैं। पिछले करीब 4 सालों से वह जेल में बंद है।

ब्रिटिश सिख 'उग्रवादी' की रिहाई के लिए स्कॉटलैंड की मंत्री निकोला कर रहीं प्रयास

एक ब्रिटिश सिख, जो भारत की जेल में पिछले चार साल से बंद है। इस जगतार सिंह जोहल उर्फ जग्गी पर कई गंभीर आरोप लगे हैं, जिनमें कई दक्षिणपंथी हिंदू नेताओं की हत्या में शामिल होना शामिल तो है ही साथ भारत में आतंकवाद से जुड़ी गंभीर धाराओं जिनमें आतंकवाद विरोधी कानून - गैरकानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम के तहत भी मामला दर्ज है। इस आतंकवादी पर स्कॉटलैंड की प्रथम मंत्री (First Minister) निकोला स्टर्जन (Nicola Sturgeon) ने सहानुभूति जताई है और यूके के विदेश सचिव को पत्र लिखकर कहा है कि, "जोहल का परिवार आरोप लगा रहा है कि उसे प्रताड़ित किया जा रहा है। इसके अलावा परिवार का यह भी कहना है कि भारत में मामले की निष्पक्ष सुनवाई नहीं हो पाएगी।"

यह पहली बार है जब स्टर्जन औपचारिक रूप से इस मामले में हस्तक्षेप कर रही हैं और उन्होंने जोहल को हिरासत में उत्पीड़ित करने के आरोप पर गंभीर चिंता व्यक्त की है। निकोल स्टर्जन ने इस महीने की शुरुआत में जोहल के परिवार से मिलने के बाद यूके के विदेश सचिव डॉमिनिक रैब (Dominic Raab) को इस बारे में पत्र लिखा था। स्टर्जन ने पत्र में लिखा था कि, "जोहल का परिवार आरोप लगा रहा है कि उसे प्रताड़ित किया जा रहा है। इसके अलावा परिवार का यह भी कहना है कि भारत में मामले की निष्पक्ष सुनवाई नहीं हो पाएगी।"

बताते हैं कि  रैब ने उनकी इस मांग को नजरअंदाज कर दिया है। रैब ने चिट्ठी के जवाब में बताया है कि एक कॉन्सुलर टीम जोहल के परिवार के संपर्क में थी और इस मामले को दक्षिण एशिया के मंत्री लॉर्ड अहमद द्वारा संभाला जा रहा था।