न्यू जर्सी से रिपब्लिकन नामांकन जीतने में नाकाम रहे ‘मेड इन अमेरिका’ के पैरोकार रिक मेहता

साल 2020 के आम चुनाव में मेहता को दूसरे रिपब्लिकन उम्मीदवारों के मुकाबले ऐतिहासिक रूप से काफी वोट मिले थे। उन्होंने 1972 में अमेरिकी सीनेटर रहे क्लिफोर्ड के रिकॉर्ड को तोड़ दिया था। मेहता भोजन और दवा प्रशासन में काम कर चुके हैं। इससे पहले वह ‘मेड इन अमेरिका’ दवाई अभियान भी लॉन्च कर चुके हैं।

न्यू जर्सी से रिपब्लिकन नामांकन जीतने में नाकाम रहे ‘मेड इन अमेरिका’ के पैरोकार रिक मेहता

भारतीय मूल के रिक मेहता को एक बार फिर निराशा हाथ लगी है। न्यू जर्सी से भारतीय मूल के पहले अमेरिकी सांसद बनने का उनका सपना टूट गया है। वह न्यू जर्सी के छठे जिले से रिपब्लिकन नामांकन हासिल करने में नाकामयाब रहे। उन्हें मॉनमाउथ काउंटी के कमिश्नर सू केली से हार का सामना करना पड़ा।

भारतीय मूल के रिक मेहता को किसी अन्य रिपब्लिकन उम्मीदवार के मुकाबले भारी मत हासिल करने के बावजूद साल 2020 के चुनाव में कामयाबी नहीं मिल पाई थी।

द न्यू यॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार कैली को 57 फीसदी वोट मिले, जबकि रिक मेहता को महज 27 प्रतिशत वोट पर ही संतोष करना पड़ा। कैली इस नवंबर में होने वाले चुनाव में प्रतिनिधि फ्रैंक पैलॉन से भिड़ेंगे। इससे पहले भारतीय मूल के रिक मेहता को किसी अन्य रिपब्लिकन उम्मीदवार के मुकाबले भारी मत हासिल करने के बावजूद साल 2020 के चुनाव में कामयाबी नहीं मिल पाई थी। उस वक्त अमेरिकी सीनेट सीट की दौड़ में कैरी बूकर से पीछे रह गए थे।

हालांकि फरवरी 2021 में घोषणा की गई थी कि साल 2022 में वह कांग्रेस के लिए वह न्यू जर्सी के सातवें जिले से मैदान में होंगे। लेकिन रिक मेहता की योजना न्यू जर्सी के छठे जिले में डेमोक्रेट फ्रैंक पैलॉन को चुनौती देने की थी। जो देश में सबसे बड़ी भारतीय अमेरिकी आबादी में से एक है। इसलिए वह छठे जिले से चुनावी मैदान में उतरे। लेकिन किस्मत के हाथों उन्हें निराश होना पड़ा। बता दें कि न्यू जर्सी में बड़ी संख्या में भारतीय मूल के अलावा दक्षिण एशिया के देशों के लोग रहते हैं।

रिक मेहता रिपब्लिकन हैं। एक अमेरिकी वेबसाइट के मुताबिक सीडी-7 से डेमोक्रेट टॉम मैलिनोवस्की के खिलाफ मैदान में उतरने की योजना के बाद मेहता का कहना था कि नए जिलों की संरचना के बाद वह अब पैलॉन के खिलाफ लड़ना चाहते हैं। मेहता मॉरिस कांउटी के चेस्टर में रहते हैं। साल 2020 के आम चुनाव में कैरी बूकर के पक्ष में भारी मतदान हुआ था। रिपोर्ट के मुताबिक उन्होंने न्यू जर्सी के इतिहास में सबसे अधिक वोट पाए थे। वहीं, मेहता को स्टेटवाइज चुनाव में दूसरे रिपब्लिकन उम्मीदवारों के मुकाबले ऐतिहासिक रूप से काफी वोट मिले थे। उन्होंने 1972 में अमेरिकी सीनेटर रहे क्लिफोर्ड के रिकॉर्ड को तोड़ दिया था। रिक मेहता को बूकर के मुकाबले 1,817,052 वोट मिले थे। यह अन्य रिपब्लिकन उम्मीदवारों, जेसे- पूर्व गवर्नर क्रिस क्रिस्टी, क्रिस्टिन टॉड विटमैन और थॉमस कीन से अधिक थे।

मेहता भोजन और दवा प्रशासन में काम कर चुके हैं। इससे पहले वह ‘मेड इन अमेरिका’ दवाई अभियान भी लॉन्च कर चुके हैं। इसके मुताबिक दवा बनाने वाली कंपनी को यह बताना होता है कि इसका निर्माण किस देश में हुआ है। मेहता का कहना है कि अमेरिका के लोगों को यह जानने का हक है कि वो जो दवा का सेवन कर रहे हैं उसका निर्माण किस देश में हुआ है।