फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों से मिलेंगे भारत के पीएम नरेंद्र मोदी, संबंधों को मजबूत बनाने पर रहेगा जोर

इमैनुएल मैक्रों को दोबारा फ्रांस का राष्ट्रपति चुने जाने के लिए पीएम मोदी ने उन्हें सोमवार को बधाई भी दी थी। मोदी ने कहा कि हम भारत और फ्रांस के बीच रणनीतिक भागीदारी को और मजबूत करने के लिए मिल कर काम करने के लिए उत्सुक हैं।

फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों से मिलेंगे भारत के पीएम नरेंद्र मोदी, संबंधों को मजबूत बनाने पर रहेगा जोर

भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का अगले महीने यूरोप की यात्रा पर जाने का कार्यक्रम है। उनका यह दौरा दो से छह मई के बीच होने की उम्मीद है। यहां वह फ्रांस के फिर से चुने गए राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और जर्मनी के चांसलर ओलाफ स्कोल्ज के साथ द्विपक्षीय बैठकें करेंगे। इसके साथ ही वह कोपनहेगन में इंडिया-नॉर्डिक शिखर सम्मेलन को भी संबोधित करेंगे।

इससे पहले इमैनुएल मैक्रों को दोबारा फ्रांस का राष्ट्रपति चुने जाने के लिए पीएम मोदी ने उन्हें सोमवार को बधाई भी दी। मोदी ने कहा कि हम भारत और फ्रांस के बीच रणनीतिक भागीदारी को और मजबूत करने के लिए मिल कर काम करने के लिए उत्सुक हैं। राष्ट्रपति पद के लिए हुए चुनाव में रविवार को 44 वर्षीय इमैनुएल मैक्रों को विजेता घोषित किया गया।

44 वर्षीय मैक्रों ने धुर दक्षिणपंथी नेता मरीन ले पेन को इस चुनाव में मात दी है।

44 वर्षीय मैक्रों ने धुर दक्षिणपंथी नेता मरीन ले पेन को इस चुनाव में मात दी है। उल्लेखनीय है कि मैक्रों देश में 20 वर्षों में दोबारा राष्ट्रपति चुने जाने वाले पहले नेता हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि अपनी यूरोप यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पेरिस जा सकते हैं और भारत के सबसे करीबी द्विपक्षीय भागीदारों में से एक फ्रांस के राष्ट्रपति से मुलाकात कर सकते हैं।

भारत और फ्रांस के बीच मजबूत राजनीतिक और रक्षा संबंध रहे हैं। दोनों ही पक्ष महत्वपूर्ण और उभरती प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में एक दूसरे का सहयोग करते रहे हैं। इसके अलावा हिंद-प्रशांत क्षेत्र को लेकर भी दोनों देशों के विचार समान हैं। मोदी और मैक्रों के बीच निजी संबंध भी अच्छे हैं। रूस व यूक्रेन के बीच चल रहे युद्ध को लेकर भारत के रुख को फ्रांस ने समझा है।