पहली भारतीय आस्ट्रेलियाई महिला प्रियंका बनर्जी को मिला सुप्रीम कोर्ट पुरस्कार

प्रियंका बनर्जी कहती हैं कि लॉ में शिक्षा इसीलिए हासिल की, क्यूंकि उन्हें लगता है कि आम लोग कानून की अनदेखी या कानून के दुरूपयोग की वजह से आए दिन प्रभावित होते हैं। ऐसे में उन्होंने दूसरों की सहायता करने, आम लोगों के मुद्दे सुलझाने और उन लोगों की आवाज उठाने की ठानी है।

पहली भारतीय आस्ट्रेलियाई महिला प्रियंका बनर्जी को मिला सुप्रीम कोर्ट पुरस्कार

प्रियंका बनर्जी पहली ऐसी भारतीय आस्ट्रेलियाई महिला हैं, जिन्हें आस्ट्रेलिया में सुप्रीम कोर्ट पुरस्कार से नवाजा गया है। प्रियंका बनर्जी की उम्र मात्र 25 बरस है। यह पुरस्कार ज्यूरिस डॉक्टर की डिग्री और मेलबर्न लॉ स्कूल के टॉप  रैंक पाने वाले स्टूडेंट्स को मिलता है।


प्रियंका बनर्जी कहती हैं कि लॉ में शिक्षा इसीलिए हासिल की, क्यूंकि उन्हें लगता है कि आम लोग कानून की अनदेखी या कानून के दुरूपयोग की वजह से आए दिन प्रभावित होते हैं। ऐसे में उन्होंने दूसरों की सहायता करने, आम लोगों के मुद्दे सुलझाने और उन लोगों की आवाज उठाने की ठानी है। जिनकी वकालत कोई नहीं करता या फिर यूं कहें कि जिनकी आवाज नहीं सुनी जाती है, उनके लिए प्रियंका बनर्जी ने लॉ में शिक्षा हासिल की है। प्रियंका ने बताया कि फिलहाल वो एलन में बतौर लॉ ग्रेजुएट डिसप्यूट एंड इन्वेस्टिगेशन के लिए काम कर रही हैं।