कनाडा में स्थायी रूप से बसना चाहते हैं तो आपको ज्यादा रकम देनी होगी

इस शुल्क बढ़ोतरी का सबसे अधिक असर भारतीयों पर ही पड़ने वाला है। क्योंकि कनाडा में बसने वालों में भारतीयों की संख्या सर्वाधिक है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार 2021 में, लगभग 100,000 भारतीय कनाडा के स्थायी निवासी बन गए।

कनाडा में स्थायी रूप से बसना चाहते हैं तो आपको ज्यादा रकम देनी होगी

अगर आप कनाडा में स्थायी तौर पर बसना चाहते हैं तो आपको इसके लिए ज्यादा फीस चुकानी पड़ेगी। इस महीने की आखिरी तारीख से कनाडा सभी स्थायी निवास के आवेदनों के लिए लागू शुल्क में बढ़ोतरी करने जा रहा है। यह फीस बढ़ोतरी आर्थिक, परमिट धारक और मानवीय वर्गों पर लागू होगी। आवेदक और उसके साथ आने वाले पति या पत्नी या अन्य साथी के लिए स्थायी निवास शुल्क 905.51 रुपये से बढ़ाकर 31,094.20 रुपये कर दिया गया है।

स्थायी निवास के लिए बढ़ाई गई रकम का भुगतान आपको तब करना है जब आपका आवेदन स्वीकार कर लिया जाता है। इस रकम के भुगतान किए जाने तक आपको स्थायी निवास का दर्जा नहीं दिया जाएगा। अगर आप उच्च कुशल, प्रांतीय नोमिनी कार्यक्रम और क्यूबेक कुशल श्रमिक, अटलांटिक आप्रवासी वर्ग के तहत आवेदन करते हैं तो यह वृद्धि लागू होती है। हालांकि स्थायी निवासी कार्ड, स्थायी निवासी यात्रा दस्तावेज और आव्रजन दस्तावेजों के लिए शुल्क वही रहेगा। फिलहाल शुल्क में यह बढ़ोतरी दो साल के लिए की गई है। संघीय स्तर पर अगली शुल्क वृद्धि 2024 में घोषित होने की उम्मीद है।

2021 में लगभग 100,000 भारतीय कनाडा के स्थायी निवासी बन गए। 

साफ है कि इस शुल्क बढ़ोतरी का सबसे अधिक असर भारतीयों पर ही पड़ने वाला है। क्योंकि कनाडा में बसने वालों में भारतीयों की संख्या सर्वाधिक है। कनाडा सरकार की तरफ से जारी आंकड़ों के मुताबिक 2021 में, लगभग 100,000 भारतीय कनाडा के स्थायी निवासी बन गए। कनाडा ने अपने इतिहास में रिकॉर्ड 405,000 नए अप्रवासियों को स्वीकार किया। 2021-2022 के दौरान, 210,000 से अधिक स्थायी निवासियों ने भी कनाडा की नागरिकता हासिल की। आव्रजन, शरणार्थी और नागरिकता कनाडा (आईआरसीसी) द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, 450,000 अध्ययन परमिट आवेदन भी जारी किए।

कनाडा में 622,000 से अधिक विदेशी छात्र हैं, जिनमें 31 दिसंबर, 2021 तक भारतीयों की संख्या 217,410 है। आप्रवासन, शरणार्थी और नागरिकता मंत्री सीन फ्रेजर का कहना है कि कनाडा को दुनिया भर में इतने सारे लोगों के लिए पसंद की जगह होने पर गर्व है। एक रिपोर्ट के मुताबिक कनाडा में अधिकतर अप्रवासी इकोनॉमिक क्लास में आए हैं, जिसमें से करीब 60 फीसदी भारतीय है। कनाडा की संसद में इस साल फरवरी में पेश  एक रिपोर्ट में भी बताया गया कि कनाडा में सबसे ज्यादा अप्रवासी भारत से ही आते हैं।