पिता की मौत के बाद वीजा मांगने आई भारतीय महिला को न्यूयॉर्क दूतावास से बाहर निकाला

वीडियो वायरल होने के बाद महिला को वीजा जारी किया गया और अधिकारी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई के आदेश हुए। इस मामले में भारतीय प्रवासियों के हितों के लिए काम करने वाले प्रेम भंडारी ने इंडियन स्टार हिंदी को बताया कि अधिकारी का बर्ताव गलत था। हमने दूतावास के अफसरों से बात की, जिसके बाद वीजा मिल गया।

पिता की मौत के बाद वीजा मांगने आई भारतीय महिला को न्यूयॉर्क दूतावास से बाहर निकाला

अमेरिका के न्यूयॉर्क स्थि​त भारतीय वाणिज्य दूतावास में भारतीय मूल की महिला के साथ बदसलूकी से जुड़ा एक वीडियो हाल ही में वायरल हुआ है। भारत आने के लिए वह महिला दूतावास से वीजा की डिमांड करती है लेकिन दूतावास के कर्मचारी ने न सिर्फ महिला के साथ गलत व्यवहार किया बल्कि महिला की स्थिति को भी समझने की कोशिश नहीं की। इस मसले का वीडियो जारी होने के बाद महिला को वीजा मिल गया और संबंधित अफसर के खिलाफ कार्यवाही के आदेश जारी हुए।

पूरा मामला यह है कि 24 नवंबर को टीना नाम की महिला दूतावास जाती हैं। उनके पिता का निधन हो गया था, जिस कारण उन्हें भारत देश की यात्रा के लिए वीजा की दरकार थी। उन्होंने दूतावास में वीजा के लिए आवेदन किया था। आवेदन में कुछ गलतियां होने के चलते दूतावास के अधिकारी ने आपा खो दिया और गुस्से में महिला का आवेदन और उनके द्वारा जमा किए गए शुल्क को वापस कर दिया। इतना ही नहीं कमियों को बिना इंगित किए अधिकारी ने महिला को डांटना जारी रखा और उनके पति को ब्लैकलिस्ट करने की भी धमकी दी ताकि वह कभी भी भारतीय वीजा हासिल न कर पाएं।

इंडियन स्टार हिंदी को पीड़ित महिला टीना के पति रोमी डिकोस्टा ने बताया कि हमें जैसे ही टीना के पिताजी की देहांत की जानकारी मिली वैसे ही हमनें इमरजेंसी वीजा के लिए हेल्पलाइन पर कॉल किया। कॉल पर हमें जरूरी दस्तावेज शाम चार बजे तक दूतावास लाने के लिए कहा गया। हमनें चार बजकर 20 मिनट पर वाणिज्य दूतावास में कॉल करके बताया कि हम 10 मिनट में पहुंचने वाले हैं लेकिन उन्होंने हमें अगले दिन सुबह 9 बजकर 30 मिनट पर आने के लिए कहा। दूतावास से हमें यह भी कहा गया कि हमें अगले दिन तुरंत वीजा मिल जाएगा।

रोमी ने बताया कि हम अगले दिन ठीक समय पर पहुंचे तो हमारे फार्म में ​कमियां बताई गईं। हमनें फिर भी फार्म को वहीं रहते हुए दोबारा भरकर जमा किया। लेकिन हमारे फार्म और वीजा के लिए दी जाने वाली रकम को जमा करने के बाद हमें फिर शाम चार बजे आने की बात कही गई। हमनें गुहार लगाई कि हमारी शाम साढ़े छह बजे की फ्लाइट है, बावजूद इसके उनकी एक नहीं सुनी गई। वीडियो में दिखाई दे रहे दूतावास के अधिकारी ने बाद में बदसलूकी की और हमें ब्लैकलिस्ट करने की धमकी दी। इतना ही नहीं पुलिस की मदद से हमें बाहर भी निकलवा दिया गया।

वीडियो के वायरल होने के बाद न सिर्फ महिला को वीजा जारी कर दिया गया बल्कि अधिकारी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई के आदेश दिए गए। इस मामले में टीना ने ट्वीटर पर भारतीय प्रवासियों के हितों में काम करने वाले प्रेम भंडारी का भी धन्यवाद दिया। इंडियन स्टार हिंदी को प्रेम भंडारी ने बताया कि दूतावास के अधिकारी का बर्ताव गलत था। उन्होंने पुलिस बुलाकर टीना और उनके पति को बाहर निकलवाया और उन्हें ब्लैकलिस्ट करने की धमकी दी जो किसी भी हालत में स्वीकार्य नहीं है। मैं भारत की यात्रा पर था, मुझसे संपर्क किया गया। जिसके बाद मैंने दूतावास से जुड़े ​अधिकारियों से बात की। बाद में उच्च अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद मामला ठंडा हुआ और टीना को वीजा दिया गया।

भंडारी ने यह भी कहा कि यह जरूर है कि मामला बड़ा है लेकिन इसका राजनीतिकरण नहीं होना चाहिए। पिछले 7 सालों के भीतर भारत से बाहर बसे भारतीयों को इन्हीं दूतावास से काफी मदद मिली है। कोरोना की शुरुआत के दौरान न्यूयॉर्क दूतावास ने देर रात्री तक न्यूयॉर्क और ईडब्लूआर एयरपोर्ट पर वंदेभारत मिशन के जरिए अमेरिका में फंसे भारतीयों को सुरक्षित ​भारत पहुंचाने के लिए महती भूमिका निभाई है।