भारत में विदेशी पर्यटकों की रौनक वापस आने में लगेंगे पांच साल, लेकिन क्यों

भारत में अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों की संख्या में 96 फीसदी की कमी आई है। महामारी से पहले जैसी स्थिति को आने में लंबा वक्त लगेगा। मतलब साफ है कि भारत में अंतरराष्ट्रीय पर्यटन से होने वाली कमाई लगभग खत्म हो गई है।

भारत में विदेशी पर्यटकों की रौनक वापस आने में लगेंगे पांच साल, लेकिन क्यों
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पर्यटन हर देश की आर्थिक स्थिति को मजबूत करने का काम करता है। विदेशी मुद्रा के भंडार का यह एक स्रोत भी है। पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए हर देश विशेष योजनाएं लाता है और उनकी सुविधा के लिए विशेष तरीके अपनाता है। भारत भी इस तरह के प्रयास लगातार करता रहता है, लेकिन संयुक्त राष्ट्र के विश्व पर्यटन संगठन (WTO) का यह कहना कि भारत के पर्यटन क्षेत्र में हालात सामान्य होने में अभी लगभग पांच साल का वक्त लगेगा, यह भारत के लिए चिंता का विषय है।

दरअसल संयुक्त राष्ट्र के विश्व पर्यटन संगठन (WTO) ने कहा है कि अंतरराष्ट्रीय यात्रा पूरी तरह से सामान्य होने में साल 2024 तक का वक्त लगेगा जबकि भारत के पर्यटन क्षेत्र में महामारी से पहले जैसी स्थिति साल 2026 तक दिखाई देगी। दुनिया भर में महामारी ने जितने भी क्षेत्रों को प्रभावित किया है उनमें पर्यटन सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ है। साल 2021 के अंत तक यह आशा थी कि सब जल्द ही ठीक हो जाएगा। जैसा कि टीकाकरण अभियान ने दुनिया भर में आबादी के एक बड़े हिस्से को कवर किया। लेकिन फिर ओमिक्रॉन ने सभी आशाओं पर पानी फेर दिया।