बड़ी जालसाजी का शिकार हुए अमेरिकी बुजुर्ग, आरोपी भारतीय फरार

अमेरिकी अटॉर्नी लावरी ने बताया कि मुनिगेटी को देशभर के कई बुजुर्ग पीड़ितों से 6 लाख डॉलर से अधिक की ठगी करने के आरोपों में हिरासत में लिया गया है। आरोपियों ने अमेरिका और भारत में कई स्थानों से काम करते हुए विभिन्न धोखाधड़ी योजनाएं चलाकर अमेरिका में मुख्य तौर पर बुजुर्ग लोगों को अपने जाल में फंसाया।

बड़ी जालसाजी का शिकार हुए अमेरिकी बुजुर्ग, आरोपी भारतीय फरार

ऑनलाइन गतिविधियां बढ़ने के साथ ही ऑनलाइन धोखाधड़ी के मामलों में लगातार इजाफा हुआ है। अमेरिका में खासतौर पर बुजुर्ग इसके निशाने पर हैं। उनके बैंक खातों पर जालसाज हाथ साफ करने से नहीं चूक रहे हैं। धोखाधड़ी के इस खेल में कई भारतीयों के नाम भी सामने आ रहे हैं। ऐसा ही एक नया मामला सामने आया है। अमेरिका में एक भारतीय ने अमेरिकी जालसाजों के साथ मिलकर पूरी योजना बनाई। बुजुर्गों को अपने जाल में फंसाया और करीब छह लाख डॉलर की ठगी की। इस काम को एक पूरे गिरोह ने अंजाम दिया।

पुलिस ने इस जालसाजी में एक अमेरिकी नागरिक को गिरफ्तार है। आरोपी भारतीय नागरिक फरार हो गया है। बाकी की तलाश की जा रही है। धोखाधड़ी की यह खेल अमेरिका के टैक्सास और अन्य जगहों पर की गई। अमेरिका न्याय विभाग ने गुरुवार को बताया कि भारत के रवि कुमार और टेक्सास के एंथनी मुनिगेटी पर 20 आरोप लगाए गए हैं। धन शोधन के भी छह आरोप हैं। पुलिस ने कहा कि कुमार ठगी करने के बाद भारत निकल गया है और उसे भगौड़ा मान लिया गया है।