रोमांच: सुनीता विलियम्स ने साझा किया स्पेसवॉक का अनुभव, आप भी पढ़िए

अपनी पहली अंतरिक्ष यात्रा के अनुभव को लेकर सुनीता ने कहा कि यह थोड़ा हैरान करने वाला और थोड़ा डरावना था। मेरी पहली स्पेसवॉक के दौरान हम सोलर एरे (पैनल) में थे और कनाडा के ऊपर से गुजर रहे थे। उन्होंने कहा कि मेरे पहले अनुभव ने मुझ पर एक बड़ा प्रभाव छोड़ा।

रोमांच: सुनीता विलियम्स ने साझा किया स्पेसवॉक का अनुभव, आप भी पढ़िए

भारतीय मूल की नासा की अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स दो अंतरिक्ष अभियानों का हिस्सा रह चुकी हैं और अंतरराष्ट्रीय स्पेस स्टेशन (ISS) से बाहर निकल अंतरिक्ष में चहलकदमी (स्पेसवॉक) भी कर चुकी हैं। पर्यावरण अध्ययन के छात्र एड्रियन प्रोउटी के साथ एक साक्षात्कार में सुनीता ने अपना वह अनुभव साझा किया, जब उन्होंने पहली बार अंतरिक्ष में कदम रखा था। उन्होंने उन चुनौतियों के बारे में भी बताया जिनका इस प्रक्रिया में सामना करना पड़ता है।

इस सवाल पर कि अधिकांश लोगों के लिए स्पेसवॉक के दौरान सबसे आश्चर्य वाली बात क्या होगी, सुनीता कहती हैं कि यह कुछ ऐसा है, जिसके लिए आपने पेशेवर तरीके से तैयारी की होगी। आप जानते हैं कि यह आसान नहीं होने वाला है। उन्होंने कहा कि स्पेसवॉक के दौरान तापमान में बदलाव बहुत आम बात है। स्पेस स्टेशन धरती का एक चक्कर 90 मिनट में पूरा करता है। ऐसे में अंतरिक्ष यात्रियों को 45 मिनट बहुत गर्म और 45 मिनट बहुत ठंडा महसूस होता है।

अपनी पहली अंतरिक्ष यात्रा के अनुभव को लेकर सुनीता ने कहा कि यह थोड़ा हैरान करने वाला और थोड़ा डरावना था। Photo by NASA / Unsplash

अपनी पहली अंतरिक्ष यात्रा के अनुभव को लेकर सुनीता ने कहा कि यह थोड़ा हैरान करने वाला और थोड़ा डरावना था। मेरी पहली स्पेसवॉक के दौरान हम सोलर एरे (पैनल) में थे और कनाडा के ऊपर से गुजर रहे थे। उन्होंने कहा कि मेरे पहले अनुभव ने मुझ पर एक बड़ा प्रभाव छोड़ा क्योंकि अंतरिक्ष में ऐसा बहुत कुछ चल रहा है, जिस पर हमारा कोई नियंत्रण नहीं है। सुनीता विलियम्स ने आगे कहा कि यह जीवन के नजरिये को बदल देने वाला एक बेहद शानदार अनुभव था।

दो अंतरिक्ष अभियानों के दौरान कुल 322 दिन अंतरिक्ष में बिताने वाली सुनीता विलियम्स इस समय अमेरिकी कंपनी बोइंग के साथ इस साल लॉन्च होने वाले आगामी स्टारलाइनर प्रोजेक्ट पर काम कर रही हैं। मैसाचुसेट्स में डॉ. दीपक और बोनी पांड्या के घर जन्मी सुनीता का साल 1998 में नासा में अंतरिक्ष यात्री के रूप में चयन हुआ था। वह वर्तमान में बोइंग के साथ इसके स्टारलाइनर कैप्सूल में अपने तीसरे लंबी अवधि के अंतरिक्ष अभियान की तैयारी कर रही हैं।