इस वर्ष में भारत सरकार जारी कर देगी ई-पासपोर्ट

मंत्री ने राज्यसभा में यह भी बताया कि वर्तमान में नमूना ई-पासपोर्ट का परीक्षण किया जा रहा है और पूर्ण पैमाने पर निर्माण इको-सिस्टम और बुनियादी ढांचे के पूरा होने के साथ ही शुरू हो जाएगा। पासपोर्ट की महत्वपूर्ण जानकारी उसके डेटा पेज पर मुद्रित होने के साथ-साथ चिप में भी संग्रहित की जाएगी।

इस वर्ष में भारत सरकार जारी कर देगी ई-पासपोर्ट

वो दिन दूर नहीं जब भारतीयों के पास भी ई-पासपोर्ट होगा। जी हां, भारत सरकार इसी वित्त वर्ष में भारतीय नागरिकों के लिए ई-पासपोर्ट जारी करने की योजना बना रही है। सरकार में केंद्रीय विदेश राज्यमंत्री वी मुरलीधरन ने यह जानकारी दी है।

ई-पासपोर्ट एक संयुक्त कागज और इलेक्ट्रॉनिक पासपोर्ट होगा जिसमें एक एम्बेडेड रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (RFID) चिप होगा।

उन्होंने बताया कि सरकार 2022-23 से अपने नागरिकों को ई-पासपोर्ट जारी करने की तैयारी में है। दरअसल भारत देश की संसद के उच्च सदन राज्यसभा में एक सवाल के जवाब में उन्होंने यह जानकारी दी कि कैलेंडर वर्ष 2022 में ई-पासपोर्ट जारी करने की सरकार की योजना है। ई-पासपोर्ट एक संयुक्त कागज और इलेक्ट्रॉनिक पासपोर्ट होगा, जिसमें एक एम्बेडेड रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (RFID) चिप होगा। इसके अलावा एक एंटीना बैक कवर में एक जड़ के रूप में एम्बेडेड होगा।

मुरलीधरन के अनुसार विदेश मंत्रालय ने राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (NIC) को ई-पासपोर्ट जारी करने के संदर्भ में तकनीकी जिम्मेदारी सौंपी है।

मुरलीधरन ने बताया कि पासपोर्ट की महत्वपूर्ण जानकारी उसके डेटा पेज पर मुद्रित होने के साथ-साथ चिप में भी संग्रहित की जाएगी। दस्तावेज और चिप की विशेषताएं अंतरराष्ट्रीय नागरिक उड्डयन संगठन (ICAO) के दस्तावेज 9303 में निर्दिष्ट हैं।

मुरलीधरन ने आगे बताया कि विदेश मंत्रालय ने राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (NIC) को ई-पासपोर्ट जारी करने के संदर्भ में तकनीकी जिम्मेदारी सौंपी है। ई-पासपोर्ट का निर्माण नासिक की इंडिया सिक्योरिटी प्रेस द्वारा किया जाएगा। प्रेस ने अपने ऑपरेटिंग सिस्टम के साथ-साथ ICAO अनुपालन वाले 4.5 करोड़ इलेक्ट्रॉनिक चिप्स की खरीद के लिए आशय पत्र भी जारी किए हैं।

मंत्री ने राज्यसभा में यह भी बताया कि वर्तमान में नमूना ई-पासपोर्ट का परीक्षण किया जा रहा है और पूर्ण पैमाने पर निर्माण इको-सिस्टम और बुनियादी ढांचे के पूरा होने के साथ ही शुरू हो जाएगा।