इंटरनेट स्पीड में सुधार, विश्व में तीन पायदान ऊपर आया भारत, लेकिन...

नॉर्वे और सिंगापुर वैश्विक मोबाइल स्पीड और फिक्स्ड ब्रॉडबैंड स्पीड के मामले में शीर्ष पर हैं जिनकी औसत डाउनलोड स्पीड क्रमशः 129.40 एमबीपीएस और 209.21 एमबीपीएस है। मालूम हो कि यह रिपोर्ट ऐसे वक्त पर आई है जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत में स्व-निर्मित 5G को लॉन्च किया है।

इंटरनेट स्पीड में सुधार, विश्व में तीन पायदान ऊपर आया भारत, लेकिन...
Photo by Frederik Lipfert / Unsplash

जहां भारत मोबाइल के निर्माण में अग्रसर है वहीं इंटरनेट स्पीड को लेकर भी भारत तेजी से आगे बढ़ रहा है। भारत मई के महीने में 14.28 एमबीपीएस की स्पीड के साथ दुनिया में 115वें स्थान पर पहुंच गया है। यह एक महीने में तीन स्थान ऊपर है। अप्रैल में 14.19 एमबीपीएस की गति से सुधार करते हुए भारत ने यह जगह बनाई है।

नॉर्वे और सिंगापुर वैश्विक मोबाइल स्पीड और फिक्स्ड ब्रॉडबैंड स्पीड के मामले में शीर्ष पर हैं। Photo by Frederik Lipfert / Unsplash

नेटवर्क इंटेलिजेंस और कनेक्टिविटी लीडर 'ऊकला' के अनुसार भारत ने अप्रैल में 76वें से मई में 75वें स्थान पर औसत डाउनलोड स्पीड में सुधार करते हुए ​वैश्विक रैंकिंग में सुधार किया है। हालांकि फिक्स्ड ब्रॉडबैंड पर औसत डाउनलोड स्पीड में भारत के प्रदर्शन में मामूली गिरावट देखी गई है। फिक्स्ड ब्रॉडबैंड की स्पीड जो अप्रैल में 48.09 एमबीपीएस थी वह मई में 47.86 हो गई है।

नॉर्वे और सिंगापुर वैश्विक मोबाइल स्पीड और फिक्स्ड ब्रॉडबैंड स्पीड के मामले में शीर्ष पर हैं जिनकी औसत डाउनलोड स्पीड क्रमशः 129.40 एमबीपीएस और 209.21 एमबीपीएस है। रिपोर्ट में बताया गया है कि अफ्रीकी देशों कोटे डी आइव, गैबॉन और कांगो ने मई के महीने में क्रमशः मोबाइल डाउनलोड स्पीड और फिक्स्ड ब्रॉडबैंड स्पीड में सबसे अधिक वृद्धि की है।

बता दें कि अप्रैल में भारत ने समग्र औसत फिक्स्ड ब्रॉडबैंड स्पीड के लिए वैश्विक स्तर पर रैंक में चार स्थान गिरा दिए थे। मार्च में जहां भारत 72वें स्थान पर था वह अप्रैल में 76वें स्थान पर पहुंच गया। ग्लोबल इंडेक्स का डेटा वास्तविक लोगों द्वारा अपने इंटरनेट प्रदर्शन का परीक्षण करने के लिए हर महीने स्पीडटेस्ट का उपयोग करने वाले लाखों परीक्षणों से आया है।

मालूम हो कि यह रिपोर्ट ऐसे वक्त पर आई है जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत में स्व-निर्मित 5G को लॉन्च किया है। पीएम मोदी ने कहा कि इस दशक के अंत तक 6जी सेवा शुरू की जाएगी। इसके लिए एक कार्यबल ने परियोजना पर काम करना शुरू कर दिया है।