कचरा प्रबंधन के लिए उबर की तरह काम करती है ‘रिसाइकल’, मिला फंड

रिसाइकल ने कचरा जमा करने वाले सेंटर को एक साथ जोड़ने के लिए एक डिजिटल प्लेटफॉर्म तैयार किया। इसके बाद कंपनी ने अपना विस्तार किया और निगम, कचरा बीनने वाले, स्कूल, होटल, रेस्टोरेंट, फैक्ट्री और बड़े-बड़े शॉपिंग कॉम्पलेक्स तक अपना दायरा बढ़ाया।

कचरा प्रबंधन के लिए उबर की तरह काम करती है ‘रिसाइकल’, मिला फंड

भारत के हैदराबाद स्थित ‘रिसाइकल’ कंपनी कचरा प्रबंधन का काम करती है। यह कंपनी कचरा प्रबंधन के लिए सवारियों को ढोने वाली ‘उबर’ कंपनी की तरह काम करती है। इस कंपनी के काम को देखते हुए मॉर्गन स्टेनले इंडिया की तरफ से उसे 22 मिलियन डॉलर (162 करोड़) का फंड मिला है। यह दूसरी बार है जब कंपनी को अपने काम के विस्तार के लिए फंड मिला है। इससे पहले साल 2020 में कंपनी ने 4 मिलियन डॉलर जुटाए थे। कंपनी का मकसद इस फंड से कचरा प्रबंधन के लिए तकनीक का विकास के साथ ही पूरे भारत में स्थानीय स्तर पर कचरा प्रबंधन की कार्यप्रणाली को विकसित करना है। इससे पूरे भारत को स्वच्छ बनाने के लक्ष्य को हासिल करने की मुहिम में मदद मिलेगी।

कंपनी के संस्थापक अभिषेक देशपांडे ने कचरा प्रबंधन से एमबीए किया है। उन्होंने साल 2016 में कचरा प्रबंधन के लिए एक स्टार्टअप कंपनी बनाई। यह एक ऐसी कंपनी थी जो कचरा को एक जगह जुटाने के लिए ‘उबर’ की तरह काम करने लगी। पहले यह कंपनी आवासीय घरों से कचरा बीनने वालों से कचरा इकट्ठा करती थी। इसके बाद इसे रिसाइकल सेंटर पर भेज देती थी। इसके बाद कंपनी ने एक ऐप बनाया, इसके ऐप के माध्यम से कोई शख्स अपने घरों से कचरे को उठाने के लिए समय तय कर सकता था। लेकिन रिसाइकल कंपनी यहीं पर नहीं ठहर गई।