गोलीबारी में तबाह हुए तीन सिख परिवारों को मुआवजा देने से इनकार

सिख संघ के कानूनी डायरेक्टर अमृत कौर आक्रे ने कहा कि हम जानते हैं कि इस रास्ते में हमारे सामने कई चुनौतियां हैं। लेकिन हम अपने मुवक्किल को ने सिर्फ कानूनी सहायता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं, बल्कि यह हमारे सिख समुदाय का मामला है।

गोलीबारी में तबाह हुए तीन सिख परिवारों को मुआवजा देने से इनकार

अमेरिका के इंडियानापोलिस शहर के फेडेक्स कंपनी के परिसर में पिछले साल 15 अप्रैल को अंधाधुंध फायरिंग हुई थी। इस फायरिंग में वहां रहने वाले भारतीय मूल के सिख समुदाय से जुड़े तीन परिवारों की जिंदगी तबाह कर दी। पीड़ित सिख परिवारों ने इसके लिए 15 करोड़ रुपये के मुआवजे की मांग की थी। लेकिन उनकी मांग को ठुकरा दिया गया। बता दें कि फेडेक्स के पूर्व कर्मचारी 19 साल के ब्रैंडन स्कॉट होल की अंधाधुंध फायरिंग में 8 लोगों की मौत हो गई थी।

गोलीबारी में मरने वालों में सिख समुदाय की तीन महिलाओं समेत चार लोग शामिल हैं। फायरिंग में सिख समुदाय के हरप्रीत सिंह, लखविंदर कौर और गुरिंदर बैंस घायल हो गए थे और उन्होंने अपने परिवार के लोगों को गंवा दिया था। इन सभी ने हरेक के लिए करीब 5 करोड़ मुआवजे की मांग की थी। लेकिन इनकी मांग को अनसुना कर दिया गया। अब इसके खिलाफ आगे कानूनी लड़ाई की बात कही जा रही है।