'दुल्हन हम ले जाएंगे' लेकिन उम्र 21 होनी चाहिए

सरकार का संदेश साफ है अगर लड़की आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनती है तो माता-पिता भी उसकी जल्दी शादी करने से पहले दो बार सोचेंगे। इससे पहले वर्ष 1978 में लड़कियों के शादी की उम्र 15 से बढ़ाकर 18 साल की गई थी।

'दुल्हन हम ले जाएंगे' लेकिन उम्र 21 होनी चाहिए
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भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साल 2020 के अपने स्वतंत्रता दिवस के संबोधन के दौरान महिलाओं के लिए विवाह की कानूनी उम्र 18 के बदले 21 वर्ष बढ़ाने का प्रस्ताव रखा था, जिसे अब मोदी सरकार के केंद्रीय मंत्रीमंडल की ओर से मंजूरी दे दी गई है। भारत में पुरुषों के लिए विवाह की उम्र पहले से ही 21 वर्ष है।

राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण (NFHS) द्वारा जारी हालिया आंकड़ों ने पहले ही दिखाया है कि कुल प्रजनन दर घट रही है और जनसंख्या नियंत्रण में है। Photo by AMISH THAKKAR / Unsplash

मिली जानकारी के अनुसार कैबिनेट की मंजूरी के बाद सरकार बाल विवाह निषेध अधिनियम 2006 में एक संशोधन पेश करेगी और इसके परिणाम स्वरूप विशेष विवाह अधिनियम और हिंदू विवाह अधिनियम 1955 जैसे व्यक्तिगत कानूनों में भी संशोधन लाएगी। केंद्रीय मंत्रीमंडल की ओर से दी गई मंजूरी दिसंबर 2020 में जया जेटली की अध्यक्षता वाली केंद्र की टास्क फोर्स द्वारा नीति आयोग को सौंपी गई सिफारिशों पर आधारित है।