बोस्टन के विश्वविद्यालय में दिया लेक्चर, भावुक होकर महिंद्रा ने लिखी यह पोस्ट

इस ट्विटर पोस्ट के कैप्शन में उन्होंने अपने पिता हरीश महिंद्रा के बारे में एक दिलचस्प जानकारी भी साझा की। उन्होंने लिखा कि मेरे पिता हरीश 75 साल पहले बोस्टन में @FletcherSchool के पहले भारतीय स्नातक थे।

बोस्टन के विश्वविद्यालय में दिया लेक्चर, भावुक होकर महिंद्रा ने लिखी यह पोस्ट

भारत कीे नामी कंपनी महिंद्रा एंड महिंद्रा के मालिक आनंद महिंद्रा ट्विटर पर काफी एक्टिव रहते हैं। कई प्रेरक कहानियों को वह यहां साझा करते हैं। लेकिन इस बार उन्होंने अपनी जीवन का एक उल्लेखनीय पल सभी के सामने रखा। आनंद महिंद्रा ने कुछ तस्वीरों के साथ ट्विटर पर बताया कि उन्हें संयुक्त राज्य अमेरिका में टफ्ट्स विश्वविद्यालय के फ्लेचर स्कूल ऑफ लॉ एंड डिप्लोमेसी द्वारा डीन मेडल से सम्मानित किया गया है।

इस ट्विटर पोस्ट के कैप्शन में उन्होंने अपने पिता हरीश महिंद्रा के बारे में एक दिलचस्प जानकारी भी साझा की। उन्होंने लिखा कि मेरे पिता हरीश 75 साल पहले बोस्टन में @FletcherSchool के पहले भारतीय स्नातक थे। भारतीय स्वतंत्रता के 75वें वर्ष में मुझे स्कूल के कक्षा दिवस को संबोधित करने का मौका मिला और डीन का पदक प्राप्त करने वाला पहला भारतीय होने का भी सम्मान मिला। मुझे लगा कि मैंने इसे अपने पिता के लिए एक प्रॉक्सी के रूप में प्राप्त किया है।

बता दें कि मैसाचुसेट्स के मेडफोर्ड में मौजूद टफ्ट्स यूनिवर्सिटी का फ्लेचर स्कूल ऑफ लॉ एंड डिप्लोमेसी अंतरराष्ट्रीय मामलों का स्नातक स्कूल है। यह अंतरराष्ट्रीय संबंधों के सबसे पुराने मौजूदा स्नातक स्कूलों में से एक है और इसके मास्टर और डॉक्टरेट कार्यक्रमों को विश्वभर में अच्छे से तरजीह दी जाती है।

महिंद्रा की इस पोस्ट को 24 मई को साझा किए जाने के बाद से अब तक लगभग 15,000 लाइक्स मिल चुके हैं। कई लोगों ने महिंद्रा से इस मामले पर कुछ सवाल पूछे, कुछ टिप्पणी कीं तो कुछ ने आनंद महिंद्रा को इस उपलब्धि पर बधाई दी। एक यूजर ने लिखा कि क्या आप वहां दिए अपने भाषण का वीडियो लिंक साझा कर सकते हैं? यह बहुत अच्छा होगा। जबकि दूसरे यूजर ने लिखा कि बहुत बधाई सर, यह भारत के लिए एक बड़ा गर्व का क्षण है। भारतीयों और विशेष रूप से आपके पिता को आप पर गर्व होना चाहिए सर। वह जहां भी होंगे यह देखकर उन्हें बहुत खुशी होगी।